🔔 यह भी पढ़ें... गुना : गुना जिले की रुठियाई निवासी एक महिला ने एसपी संजीव कुमार सिन्हा से गुजारिश की है कि उसकी बेटी उसे वापस दिलवा दी जाए। महिला का आरोप है कि 8 अक्टूबर को उसकी बेटी स्कूल गई थी जहां से उसे अगवा कर लिया गया है। एसपी को दिए गए आवेदन में पीडि़त महिला का आरोप है कि अशोकनगर जिले के रहने वाले संदीप, कांस्टेबल जितेंद्र, शिक्षक मोहन ने बंदूक की नोक पर उनकी 18 वर्षीय बेटी का अपहरण कर लिया है। 8 अक्टूबर की रात लगभग 9 बजे पुलिस चौकी रुठियाई में छात्रा की मां ने गुमशुदा होने की सूचना दी। इसके बाद पता चला कि उक्त आरोपी अपहरण कर ले गए हैं। महिला ने बताया कि 9 अक्टूबर की रात लगभग 10 बजे आरोपी शिक्षक सहित सभी अपहरणकर्ता एवं अन्य लोग गुना नगर में यातायात पुलिस थाना और गायत्री मंदिर के बीच में मौजूद होने की सूचना उन्हें मिली थी। पीड़ित के रिश्तेदार वहां पहुंचे और गाड़ी रोकी। लेकिन अपहरणकर्ताओं ने पुलिस थाने में शरण ले ली। पुलिस की ड्रेस में बालिका को डरा-धमकाकर कहीं ले जाया गया। इस घटना की पुष्टि गुना शहर में लगे सीसीटी फुटेज से भी हो सकती है। महिला ने बताया कि वह लगभग 1 महीने से अशोकनगर पुलिस और गुना एसपी कार्यालय के चक्कर काट रही है। लेकिन अब तक पुलिस का कोई सहयोग नहीं मिला है।
गुना : गुना जिले की रुठियाई निवासी एक महिला ने एसपी संजीव कुमार सिन्हा से गुजारिश की है कि उसकी बेटी उसे वापस दिलवा दी जाए। महिला का आरोप है कि 8 अक्टूबर को उसकी बेटी स्कूल गई थी जहां से उसे अगवा कर लिया गया है। एसपी को दिए गए आवेदन में पीडि़त महिला का आरोप है कि अशोकनगर जिले के रहने वाले संदीप, कांस्टेबल जितेंद्र, शिक्षक मोहन ने बंदूक की नोक पर उनकी 18 वर्षीय बेटी का अपहरण कर लिया है। 8 अक्टूबर की रात लगभग 9 बजे पुलिस चौकी रुठियाई में छात्रा की मां ने गुमशुदा होने की सूचना दी। इसके बाद पता चला कि उक्त आरोपी अपहरण कर ले गए हैं।

महिला ने बताया कि 9 अक्टूबर की रात लगभग 10 बजे आरोपी शिक्षक सहित सभी अपहरणकर्ता एवं अन्य लोग गुना नगर में यातायात पुलिस थाना और गायत्री मंदिर के बीच में मौजूद होने की सूचना उन्हें मिली थी। पीड़ित के रिश्तेदार वहां पहुंचे और गाड़ी रोकी। लेकिन अपहरणकर्ताओं ने पुलिस थाने में शरण ले ली। पुलिस की ड्रेस में बालिका को डरा-धमकाकर कहीं ले जाया गया। इस घटना की पुष्टि गुना शहर में लगे सीसीटी फुटेज से भी हो सकती है। महिला ने बताया कि वह लगभग 1 महीने से अशोकनगर पुलिस और गुना एसपी कार्यालय के चक्कर काट रही है। लेकिन अब तक पुलिस का कोई सहयोग नहीं मिला है।



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