भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक में रेपो रेट में कोई भी बदलाव नहीं करने का फैसला लिया है। RBI गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा कि रेपो रेट 4% और रिवर्स रेपो रेट 3.35% पर बरकरार रहेगी। दास ने कहा कि अभी कोरोना का खतरा टला नहीं है। MPC की उम्मीदों के अनुसार इकोनॉमी आगे बढ़ रही है। वैक्सीनेशन से इकोनॉमी में सुधार आ रहा है।
शुक्रवार को तीन दिवसीय बैठक के बाद आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा, ‘आरबीआई ने रेपो रेट और रिवर्स रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं किया गया है। रेपो रेट 4% और रिवर्स रेपो रेट 3.35% की दर पर कायम है।’
6 सदस्यों वाली मॉनेटरी पॉलिसी कमिटी (MPC) की तीन दिनों की बैठक 6 अक्टूबर को शुरू हुई थी। RBI गवर्नर आज 12 बजे मीडिया को संबोधित करेंगे। RBI का फोकस लगातार महंगाई दर कम करने और इकोनॉमिक ग्रोथ की रिकवरी पर है।
इकोनॉमी में तेजी से हो रहा सुधार
आरबीआई गवर्नर ने कहा कि रिजर्व बैंक लगातर ये कोशिश करेगा कि महंगाई दर टारगेट के भीतर रहे। उन्होंने कहा कि MPC के सभी 6 सदस्यों ने सहमति से पॉलिसी रेट में बदलाव ना करने का फैसला किया है। दास ने कहा कि इकोनॉमी मे तेजी से सुधार के संकेत मिल रहे हैं लेकिन कोर इनफ्लेशन अब भी चुनौती बना हुआ है। जुलाई-सितंबर में खुदरा महंगाई दर अनुमान से कम था।
GDP की ग्रोथ रेट 9.5% पर बरकरार
शक्तिकांत दास ने कहा कि MPC की पिछली बैठक के मुकाबले इस बार भारत की स्थिति ज्यादा बेहतर है। ग्रोथ मजबूत हो रही है और महंगाई दर पर उम्मीद से बेहतर स्थिति में है। मॉनेटरी पॉलिसी कमिटी ने फिस्कल ईयर 2021 के लिए GDP की ग्रोथ रेट 9.5% पर बरकरार रखा है।
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