जबलपुर। जबलपुर-गोंदिया ब्राडगेज बनने के बाद शुरू की पहली इंटरसिटी ट्रेन सेवा यात्रियों की कमी से जूझ रही है। मामला जबलपुर-चांदाफोर्ट सुपरफास्ट ट्रेन का है। यात्री नहीं मिलने से यह ट्रेन रेल मंडल की सबसे घाटे वाली गाड़ी है। शुरुआत से ही जबलपुर-चांदाफोर्ट के बीच सीधे यात्रियों की कमी से जूझ रही ट्रेन को अब बीच के स्टेशनों से भी पर्याप्त यात्री नहीं मिल रहे हैं। ट्रेन के आरक्षित कुर्सीयान निरंतर खाली दौड़ रहे है। इसके चलते हाल ही में ट्रेन के कुछ आरक्षित कोच हटाकर अनारक्षित कोचों की संख्या बढ़ाई गई है। इसके बावजूद ट्रेन में यात्री नहीं चढ़ रहे है। यात्री इस ट्रेन को चांदाफोर्ट की जगह नागपुर तक चलाने की मांग कर रहे हैं। वर्तमान में जबलपुर-नागपुर के बीच कोई इंटरसिटी ट्रेन सेवा नहीं है।
जबलपुर। जबलपुर-गोंदिया ब्राडगेज बनने के बाद शुरू की पहली इंटरसिटी ट्रेन सेवा यात्रियों की कमी से जूझ रही है। मामला जबलपुर-चांदाफोर्ट सुपरफास्ट ट्रेन का है। यात्री नहीं मिलने से यह ट्रेन रेल मंडल की सबसे घाटे वाली गाड़ी है। शुरुआत से ही जबलपुर-चांदाफोर्ट के बीच सीधे यात्रियों की कमी से जूझ रही ट्रेन को अब बीच के स्टेशनों से भी पर्याप्त यात्री नहीं मिल रहे हैं।
ट्रेन के आरक्षित कुर्सीयान निरंतर खाली दौड़ रहे है। इसके चलते हाल ही में ट्रेन के कुछ आरक्षित कोच हटाकर अनारक्षित कोचों की संख्या बढ़ाई गई है। इसके बावजूद ट्रेन में यात्री नहीं चढ़ रहे है। यात्री इस ट्रेन को चांदाफोर्ट की जगह नागपुर तक चलाने की मांग कर रहे हैं। वर्तमान में जबलपुर-नागपुर के बीच कोई इंटरसिटी ट्रेन सेवा नहीं है।


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