कवर्धा: छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले में पिछले दो दिनों से लापता एक पुलिस हेड कांस्टेबल की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतक की लाश कोतवाली थाना क्षेत्र के लालपुर खार इलाके में एक पेड़ पर लटकी हुई पाई गई है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और स्थानीय कोतवाली पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। फिलहाल पुलिस इस मामले को आत्महत्या (सुसाइड) और अन्य संभावित साजिश समेत सभी दूसरे एंगल से गहराई से जांच कर रही है। मृतक पुलिसकर्मी की पहचान बहादुर सिंह मेरावी (38 वर्ष) के रूप में हुई है, जो मूल रूप से ग्राम अंजना रेंगाखार के रहने वाले थे और वर्तमान में पुलिस लाइन कवर्धा में रह रहे थे। बताया जा रहा है कि बहादुर सिंह कवर्धा के एसआईबी (SIB) शाखा में पदस्थ थे और वर्तमान में रायपुर स्थित पुलिस मुख्यालय (PHQ) में अटैच चल रहे थे। जानकारी के अनुसार, मृतक पिछले दो दिनों से रहस्यमयी ढंग से लापता था, जिसके बाद परिजन और परिचित उनकी लगातार तलाश कर रहे थे। इसी बीच रविवार सुबह ग्रामीणों ने लालपुर खार क्षेत्र में उनकी लाश पेड़ से लटकी देखी और पुलिस को सूचित किया। घटनास्थल के पास ही मृतक की मोटरसाइकिल भी बरामद हुई है। विभागीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, मृतक बहादुर सिंह मेरावी पूर्व में दुष्कर्म (रेप) के एक गंभीर मामले में जेल भी जा चुका था। जेल से जमानत पर रिहा होने के बाद उन्हें विभाग में वापस बहाल किया गया था और प्रशासनिक आधार पर रायपुर पीएचक्यू में अटैच किया गया था। हालांकि, कवर्धा के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में किसी भी अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच पूरी होने का इंतजार करना जरूरी है। इस मामले का एक बेहद चौंकाने वाला पहलू यह भी है कि कवर्धा पुलिस ने करीब एक वर्ष पूर्व हेड कांस्टेबल बहादुर सिंह मेरावी को उनकी अपनी ही शादी के मंडप से गिरफ्तार किया था। दरअसल, मृतक का एक अन्य युवती के साथ लंबे समय से प्रेम संबंध चल रहा था, लेकिन वह उसे छोड़कर दूसरी जगह शादी कर रहा था। ऐन वक्त पर पीड़ित युवती की लिखित शिकायत पर कवर्धा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बहादुर सिंह को शादी के दिन ही मंडप से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। मामले की जानकारी देते हुए कोतवाली थाना प्रभारी (TI) योगेश कश्यप ने बताया कि शव की स्थिति को देखकर ऐसा प्रतीत हो रहा है कि करीब 2 दिन पहले ही उनकी मौत हो चुकी थी। फिलहाल पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया गया है। पुलिस मृतक के मोबाइल की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), पारिवारिक परिस्थितियों और दुश्मनी समेत सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की बारीकी से तफ्तीश कर रही है। आत्महत्या कोई समाधान नहीं है। यदि आपके मन में किसी भी प्रकार के नकारात्मक या आत्महत्या के विचार आ रहे हैं, या आप अपने किसी मित्र या परिजन को लेकर चिंतित हैं, तो मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों से बात करें। मदद के लिए ये हेल्पलाइन नंबर हमेशा उपलब्ध हैं: स्नेहा फाउंडेशन: 044-24640050 (24 घंटे उपलब्ध)
आईकॉल (टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंसेज): 9152987821 (सोमवार से शनिवार, सुबह 8 बजे से रात 10 बजे तक)
🏍️ दो दिनों से थे लापता: रायपुर मुख्यालय (PHQ) में अटैच चल रहे थे हेड कांस्टेबल बहादुर सिंह
⚖️ दुष्कर्म के मामले में जेल जा चुका था मृतक: जमानत पर रिहा होने के बाद रायपुर में हुई थी बहाली
👰 शादी के मंडप से हुई थी गिरफ्तारी: प्रेम संबंध के चलते युवती ने दर्ज कराया था मामला
📞 कॉल डिटेल और पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलेगा राज: कोतवाली टीआई योगेश कश्यप का बयान
ℹ️ जरूरी सूचना: मानसिक तनाव में हैं तो लें हेल्पलाइन की मदद
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कवर्धा: छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले में पिछले दो दिनों से लापता एक पुलिस हेड कांस्टेबल की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मृतक की लाश कोतवाली थाना क्षेत्र के लालपुर खार इलाके में एक पेड़ पर लटकी हुई पाई गई है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और स्थानीय कोतवाली पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची। फिलहाल पुलिस इस मामले को आत्महत्या (सुसाइड) और अन्य संभावित साजिश समेत सभी दूसरे एंगल से गहराई से जांच कर रही है।
🏍️ दो दिनों से थे लापता: रायपुर मुख्यालय (PHQ) में अटैच चल रहे थे हेड कांस्टेबल बहादुर सिंह
मृतक पुलिसकर्मी की पहचान बहादुर सिंह मेरावी (38 वर्ष) के रूप में हुई है, जो मूल रूप से ग्राम अंजना रेंगाखार के रहने वाले थे और वर्तमान में पुलिस लाइन कवर्धा में रह रहे थे। बताया जा रहा है कि बहादुर सिंह कवर्धा के एसआईबी (SIB) शाखा में पदस्थ थे और वर्तमान में रायपुर स्थित पुलिस मुख्यालय (PHQ) में अटैच चल रहे थे। जानकारी के अनुसार, मृतक पिछले दो दिनों से रहस्यमयी ढंग से लापता था, जिसके बाद परिजन और परिचित उनकी लगातार तलाश कर रहे थे। इसी बीच रविवार सुबह ग्रामीणों ने लालपुर खार क्षेत्र में उनकी लाश पेड़ से लटकी देखी और पुलिस को सूचित किया। घटनास्थल के पास ही मृतक की मोटरसाइकिल भी बरामद हुई है।
⚖️ दुष्कर्म के मामले में जेल जा चुका था मृतक: जमानत पर रिहा होने के बाद रायपुर में हुई थी बहाली
विभागीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, मृतक बहादुर सिंह मेरावी पूर्व में दुष्कर्म (रेप) के एक गंभीर मामले में जेल भी जा चुका था। जेल से जमानत पर रिहा होने के बाद उन्हें विभाग में वापस बहाल किया गया था और प्रशासनिक आधार पर रायपुर पीएचक्यू में अटैच किया गया था। हालांकि, कवर्धा के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में किसी भी अंतिम निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच पूरी होने का इंतजार करना जरूरी है।
👰 शादी के मंडप से हुई थी गिरफ्तारी: प्रेम संबंध के चलते युवती ने दर्ज कराया था मामला
इस मामले का एक बेहद चौंकाने वाला पहलू यह भी है कि कवर्धा पुलिस ने करीब एक वर्ष पूर्व हेड कांस्टेबल बहादुर सिंह मेरावी को उनकी अपनी ही शादी के मंडप से गिरफ्तार किया था। दरअसल, मृतक का एक अन्य युवती के साथ लंबे समय से प्रेम संबंध चल रहा था, लेकिन वह उसे छोड़कर दूसरी जगह शादी कर रहा था। ऐन वक्त पर पीड़ित युवती की लिखित शिकायत पर कवर्धा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बहादुर सिंह को शादी के दिन ही मंडप से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
📞 कॉल डिटेल और पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलेगा राज: कोतवाली टीआई योगेश कश्यप का बयान
मामले की जानकारी देते हुए कोतवाली थाना प्रभारी (TI) योगेश कश्यप ने बताया कि शव की स्थिति को देखकर ऐसा प्रतीत हो रहा है कि करीब 2 दिन पहले ही उनकी मौत हो चुकी थी। फिलहाल पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया गया है। पुलिस मृतक के मोबाइल की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR), पारिवारिक परिस्थितियों और दुश्मनी समेत सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की बारीकी से तफ्तीश कर रही है।
ℹ️ जरूरी सूचना: मानसिक तनाव में हैं तो लें हेल्पलाइन की मदद
आत्महत्या कोई समाधान नहीं है। यदि आपके मन में किसी भी प्रकार के नकारात्मक या आत्महत्या के विचार आ रहे हैं, या आप अपने किसी मित्र या परिजन को लेकर चिंतित हैं, तो मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों से बात करें। मदद के लिए ये हेल्पलाइन नंबर हमेशा उपलब्ध हैं:
स्नेहा फाउंडेशन: 044-24640050 (24 घंटे उपलब्ध)
आईकॉल (टाटा इंस्टीट्यूट ऑफ सोशल साइंसेज): 9152987821 (सोमवार से शनिवार, सुबह 8 बजे से रात 10 बजे तक)


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