बीजापुर (छत्तीसगढ़): जिले के प्रतिष्ठित इंद्रावती टाइगर रिजर्व क्षेत्र से एक बार फिर दुर्लभ एवं हिंसक वन्यजीवों की सघन उपस्थिति का मामला सामने आया है। कुटरू–मंगापेटा मार्ग पर एक तेंदुआ अचानक जंगल से निकलकर मुख्य सड़क पर आ गया और लगभग 20 मिनट तक सड़क के किनारे ही खड़ा रहा। इस दौरान उक्त मार्ग से होकर गुजर रहे वाहन चालकों एवं राहगीरों की नजरें तेंदुए पर पड़ीं, जिससे चारों ओर अफरा-तफरी मच गई। तेंदुए की सड़क पर मौजूदगी का दृश्य 108 एंबुलेंस कर्मियों द्वारा अपने मोबाइल कैमरे में सुरक्षित रूप से रिकॉर्ड कर लिया गया है।
🚑 108 एंबुलेंस कर्मियों ने मोबाइल में कैद किया नजारा, सावधानी से बनाई सुरक्षित दूरी
प्राप्त विवरण के अनुसार, जिला अस्पताल बीजापुर की 108 एंबुलेंस सेवा एक आपातकालीन मरीज को लेकर अस्पताल की ओर प्रस्थान कर रही थी।
इसी दौरान कुटरू–मंगापेटा मार्ग पर एकाएक तेंदुआ मुख्य मार्ग पर दिखाई दिया। एंबुलेंस चालक संदीप तोड़से के अनुसार, तेंदुआ लगभग 20 मिनट तक मार्ग के समीप निश्चल खड़ा रहा। वन्यजीव की इस अचानक उपस्थिति को भांपते हुए एंबुलेंस चालक एवं ईएमटी (EMT) रविंद्र कुमार ने सूझबूझ का परिचय दिया और सुरक्षित दूरी बनाए रखते हुए तेंदुए का वीडियो रिकॉर्ड किया।
🛑 राहगीरों ने रोके वाहन, तेंदुए के जंगल में वापस लौटने का करते रहे इंतजार
सड़क किनारे तेंदुए के निरंतर डटे रहने के कारण मार्ग के दोनों ओर से आने-जाने वाले छोटे-बड़े वाहनों का आवागमन कुछ समय के लिए पूरी तरह बाधित हो गया।
मार्ग से गुजर रहे राहगीरों ने तेंदुए से पर्याप्त एवं सुरक्षित दूरी बनाए रखी तथा उसके स्वेच्छा से पुनः जंगल की ओर लौटने की प्रतीक्षा की। गनीमत यह रही कि इस पूरे घटनाक्रम के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय अथवा अप्रत्याशित घटना घटित नहीं हुई।
⚠️ जंगल के रास्तों पर सतर्कता आवश्यक, वन्यजीव दिखाई देने पर न करें उकसाने का प्रयास
इंद्रावती टाइगर रिजर्व के विस्तृत वन परिक्षेत्र में हिंसक वन्यजीवों की गतिविधियां समय-समय पर दृष्टिगोचर होती रहती हैं।
जंगल से सटे मार्गों पर तेंदुआ या अन्य कोई जंगली जानवर दिखाई देने की स्थिति में वाहन चालकों को अत्यधिक सतर्कता बरतना अनिवार्य है। ऐसे संवेदनशील समय में वन्यजीव के अति-निकट जाने, उसे परेशान करने अथवा उसका मार्ग अवरुद्ध करने के स्थान पर सुरक्षित दूरी बनाए रखना ही सर्वथा उचित है।
🌿 जैव विविधता से समृद्ध है इंद्रावती टाइगर रिजर्व, रात व तड़के वाहन चलाते समय बरतें सावधानी
तेंदुए का यह विहंगम वीडियो सामने आने के उपरांत संपूर्ण क्षेत्र में इसकी व्यापक चर्चा हो रही है।
वन्यजीव की इस आवाजाही ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया है कि इंद्रावती टाइगर रिजर्व का संपूर्ण वन क्षेत्र जैव विविधता और वन्यप्राणियों से पूरी तरह समृद्ध है। पर्यावरण एवं वन्यजीव विशेषज्ञों के अनुसार, जंगल से लगे संवेदनशील रास्तों पर आवागमन के दौरान नागरिकों को विशेष सावधानी रखनी चाहिए।
विशेष रूप से रात्रि एवं प्रातःकाल के समय वन मार्गों पर वाहनों की गति नियंत्रित रखना तथा सड़क के दोनों किनारों पर सतर्क दृष्टि बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है। सामने कोई वन्यजीव आ जाने पर वाहन रोककर दूरी बनाए रखना और उसे बिना परेशान किए स्वाभाविक रूप से जंगल में जाने देना ही बचाव का सबसे सुरक्षित उपाय है।
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