चंडीगढ़ (हरियाणा): हरियाणा सरकार ने राज्यभर में हड़ताल पर चल रहे सफाई कर्मचारियों को 5 सितंबर तक अनिवार्य रूप से ड्यूटी पर लौटने के कड़े निर्देश जारी किए हैं।
सरकार ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि निर्धारित समय-सीमा के भीतर कर्मचारी काम पर वापस नहीं आते हैं, तो उनके खिलाफ कठोर कानूनी और विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। इस संबंध में शहरी स्थानीय निकाय विभाग द्वारा सभी संबंधित अधिकारियों को औपचारिक पत्र जारी कर आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दे दिए गए हैं।
⚠️ फ्लू और मौसमी बीमारियों का खतरा: हड़ताल से चरमराई शहरों की स्वच्छता व्यवस्था
हड़ताल के प्रभाव और स्वास्थ्य जोखिम:
स्वच्छता कार्य पूरी तरह बाधित: सफाई कर्मचारियों के काम बंद करने से शहरों में जगह-जगह कचरे के ढेर लग गए हैं, जिससे दैनिक सफाई व्यवस्था चरमरा गई है।
महामारी फैलने की आशंका: वर्तमान में वायरल फ्लू, मौसमी बुखार और जलजनित बीमारियों का प्रकोप चल रहा है। ऐसे संवेदनशील समय में कचरे का उठाव न होने से समूचे शहर में संक्रामक बीमारियां फैलने का गंभीर खतरा उत्पन्न हो गया है।
अदालती आदेश और विधिक पहलू:⚖️ पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के आदेश का हवाला: शहरों में सफाई सुनिश्चित करने का निर्देश
सिविल रिट याचिका का संदर्भ: पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय, चंडीगढ़ ने सिविल रिट याचिका संख्या 229/2026 (आदेश दिनांक 18 अगस्त 2026) की सुनवाई करते हुए राज्य सरकार को शहरों में जनस्वास्थ्य और स्वच्छता सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए थे।
कानूनी कार्रवाई की बाध्यता: न्यायालय के स्पष्ट आदेशों के अनुपालन में राज्य सरकार को सार्वजनिक हित में हड़ताली कर्मचारियों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई का कदम उठाना पड़ा है।
प्रशासनिक अमले को जारी दिशा-निर्देश:📋 नगर निगम आयुक्तों को निर्देश: 5 सितंबर के बाद होगी कड़ी विभागीय कार्रवाई
आयुक्तों को निर्देश जारी: स्थिति की गंभीरता को देखते हुए सरकार ने सभी नगर निगम आयुक्तों (Municipal Corporation Commissioners) और जिला नगर आयुक्तों (District Municipal Commissioners) को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
अंतिम चेतावनी संप्रेषित करने का आदेश: सभी अधिकारियों से कहा गया है कि वे अपने क्षेत्राधिकार में आने वाले सभी शहरी स्थानीय निकायों (ULBs) के हड़ताली कर्मचारियों को यह सूचना पहुंचा दें कि वे 5 सितंबर 2026 तक कार्यस्थल पर अपनी उपस्थिति दर्ज कराएं।
विभागीय कार्रवाई की चेतावनी: अल्टीमेटम की समय-सीमा समाप्त होने के बाद अनुपस्थित रहने वाले कर्मचारियों के खिलाफ सेवा नियमों के तहत अनुशासनात्मक, कानूनी और विभागीय प्रक्रिया प्रारंभ कर दी जाएगी।



हरियाणा




























