भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर ने अपने पद से हटने का बड़ा फैसला लिया है। उन्होंने भारतीय महिला टीम की तीनों फॉर्मेट (टेस्ट, वनडे और टी20) की कप्तानी से इस्तीफा दे दिया है। हरमनप्रीत कौर ने कप्तानी छोड़ने के इस फैसले की आधिकारिक जानकारी अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम के जरिए साझा की है। उनके इस अचानक आए फैसले से क्रिकेट जगत में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।
🤝 BCCI के साथ रिव्यू मीटिंग के बाद लिया गया फैसला
सूत्रों और रिपोर्ट्स के अनुसार, हरमनप्रीत कौर ने टीम इंडिया के तीनों फॉर्मेट की कप्तानी छोड़ने का यह अहम फैसला भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के साथ हुई उच्चस्तरीय रिव्यू मीटिंग के बाद लिया है।
गुवाहाटी में हुई बैठक: हाल ही में गुवाहाटी में भारतीय महिला क्रिकेट टीम की एक अहम रिव्यू मीटिंग आयोजित की गई थी।
प्रमुख उपस्थिति: इस मीटिंग की अध्यक्षता बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने की थी, जिसमें खुद कप्तान हरमनप्रीत कौर, उप-कप्तान स्मृति मंधाना और टीम के कोच अमोल मजूमदार भी विशेष तौर पर मौजूद रहे थे।
इंस्टाग्राम पर अपने विदाई संदेश में हरमनप्रीत कौर ने लिखा कि उनके लिए यह फैसला लेना बिल्कुल भी आसान नहीं था। इस पद के साथ उनके जीवन की अनगिनत यादें, भावनाएं और कड़ा त्याग जुड़ा हुआ है।✍️ “कप्तानी छोड़ना आसान नहीं था, टीम अब बेहतर हाथों में है”
टीम को रखा सबसे आगे: उन्होंने कहा कि उन्होंने हमेशा भारतीय महिला क्रिकेट टीम के लिए अपना सब कुछ झोंक दिया है और उनके लिए देश की टीम हमेशा सर्वोपरि रही है। एक कप्तान के तौर पर उन्होंने कई बार कड़े और मुश्किल फैसले भी लिए, ताकि टीम का प्रदर्शन और स्तर बेहतर हो सके।
नया अध्याय: भारी मन के साथ कप्तानी छोड़ने की बात कहते हुए उन्होंने संतोष जताया कि अब टीम बिल्कुल सही और बेहतर हाथों में है। उन्होंने अपने करियर का यह सफर पूरी ईमानदारी से निभाया है और भविष्य में भी भारतीय क्रिकेट के लिए उनका प्यार कभी कम नहीं होगा।
अभिवादन: अपने इस सफर में हर-सफर साथ निभाने वाले कोच, सपोर्ट स्टाफ, साथी खिलाड़ियों और अपने परिवार का उन्होंने विशेष आभार व्यक्त किया है।
37 वर्षीय अनुभवी खिलाड़ी हरमनप्रीत कौर ने अपने शानदार करियर के दौरान भारत के लिए कुल 5 टेस्ट मैच, 51 वनडे और 155 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों (T20I) में कप्तानी की है। बतौर कप्तान उनका आखिरी और सबसे यादगार पल पिछले महीने रहा, जब उन्होंने अपनी कप्तानी में भारतीय महिला टीम को लगातार दूसरा एशियन गेम्स का गोल्ड मेडल दिलाया।📊 शानदार कप्तानी का सफर
यह खबर आपको कैसी लगी?


खेल




























