हजारीबाग: झारखंड गृह रक्षा वाहिनी क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र, हजारीबाग में रविवार को पासिंग आउट परेड का आयोजन किया गया. जहां 63 दिनों तक चले कड़े प्रशिक्षण के बाद गिरिडीह जिले के 355 गृह रक्षकों ने मार्च पास्ट में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया. अब ये गृह रक्षक अपने गृह जिला गिरिडीह में सेवा देंगे.
मौके पर बतौर मुख्य अतिथि हजारीबाग डीसी हेमंत सती ने परेड का निरीक्षण किया. उन्होंने सेवा मूल्यों को बनाए रखने, संविधान में श्रद्धा और सच्ची निष्ठा के साथ अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करने की सभी गृह रक्षकों को शपथ दिलाई. मार्च पास्ट में प्रशिक्षुओं के प्रशिक्षण का शानदार नजारा दिखा. डीसी ने कहा कि मात्र 63 दिनों के अल्प अवधि में प्रशिक्षण में इतना शानदार परेड का प्रदर्शन काबिले-ए-तारीफ है. उन्होंने प्रशिक्षुओं को होमगार्ड में नए जीवन की शुरुआत करने के लिए बधाई भी दी.
वहीं जिला समादेष्टा रोहित आनंद ने प्रशिक्षुओं को अनुशासन के साथ होमगार्ड के मूल्यों को बनाए रखने, संविधान में श्रद्धा और सच्ची निष्ठा के साथ अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से पालन करने की बात कही. उन्होंने बताया कि सभी प्रशिक्षुओं को 63 दिनों की अवधि में हथियार चलाने के साथ शारीरिक तौर पर फिट रहने के लिए प्रतिदिन ड्रिल के साथ योगा का भी प्रशिक्षण दिया गया है.
प्रशिक्षण में टर्नआउट, व्यक्तिगत कवायद, आधुनिक हथियार (5.56 एमएम इन्सास), भीड़ नियंत्रण, गार्ड / संतरी का कर्तव्य, नागरिक सुरक्षा, प्राथमिक उपचार, अग्निशमन, वीआईपी डयूटी, यातायात नियंत्रण, अनुशासन, श्रम एवं आपदा प्रबंधन आदि की जानकारी दी गई. प्रशिक्षण के क्रम में प्रशिक्षु गृह रक्षकों को .303 रायफल एवं 5.56 एमएम इन्सास से 10-10 राउंड लक्ष्याभ्यास / लक्ष्याभेदन फायरिंग रेंज पदमा हजारीबाग में कराया गया.
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