नूंह: जिले के युवाओं को भारतीय सेना में भर्ती होकर देश सेवा का गौरवशाली अवसर दिलाने के लिए मेवात विकास अभिकरण (MDA) द्वारा की गई पहल अब रंग लाने लगी है। नीति आयोग ने ‘भारतीय सेना में भर्ती के लिए अभ्यर्थियों को सुविधाएं उपलब्ध करवाने’ संबंधी महत्वपूर्ण परियोजना के लिए 25.90 लाख रुपये मंजूर किए हैं। इस सराहनीय योजना के तहत युवाओं को शैक्षणिक, शारीरिक और चिकित्सीय (Medical) तैयारी का पूरी तरह से निःशुल्क प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है, जिसके परिणाम बेहद उत्साहजनक सामने आ रहे हैं।
👥 दो बैचों में 215 युवाओं ने लिया हिस्सा, 49 पहुंचे लिखित परीक्षा में
उपायुक्त एवं सीईओ (MDA) अखिल पिलानी ने जानकारी देते हुए बताया कि युवाओं को सेना भर्ती के लिए बेहतरीन तरीके से तैयार करने के उद्देश्य से उन्हें समग्र प्रशिक्षण और आवश्यक मार्गदर्शन दिया जा रहा है। इस छह महीने की अवधि वाले प्रशिक्षण की जिम्मेदारी गुरुग्राम की ‘ओलिव हेरिटेज फाउंडेशन’ को सौंपी गई है।
नामांकन और बैच: प्रशिक्षण के दो बैचों में कुल 215 युवाओं ने नामांकन कराया था। पहले बैच में 94 में से 49 और दूसरे बैच में 121 में से 70 युवाओं ने कड़ा प्रशिक्षण लिया।
लिखित और शारीरिक सफलता: प्रशिक्षण पूरा करने के बाद पहले बैच के 49 अभ्यर्थी सेना भर्ती परीक्षा में शामिल हुए। इनमें से 27 अभ्यर्थियों ने न केवल लिखित परीक्षा उत्तीर्ण की, बल्कि शारीरिक दक्षता परीक्षा (Physical Test) में भी शानदार सफलता हासिल की।
भर्ती प्रक्रिया के अगले और सबसे महत्वपूर्ण चरण में आगे बढ़ते हुए इनमें से 23 अभ्यर्थियों ने चिकित्सीय (Medical) परीक्षा भी सफलतापूर्वक पास कर ली है। इस प्रकार इन सभी 23 युवाओं ने भर्ती प्रक्रिया के सभी चरणों को सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है और अब उन्हें केवल अंतिम मेरिट सूची (Final Merit List) जारी होने का इंतजार है।🏥 23 युवाओं ने पास की मेडिकल परीक्षा, इन नामों पर टिकी उम्मीदें
सफलता हासिल करने वाले इन युवाओं में फरहान खान, दिलशाद, सज्जन, मोहम्मद आदिलशान, साहिल, शाहजहां, जैद खान, मोमिन, विकास, अफजल खालिद, सलमान, सोहैल, साजिद शकील, अनवर, मोहम्मद जैद, नावेद, मोहम्मद नाजिस, वारिस खान, सुल्तान, आदिल नूरा, शाह आलम, नौशाद और अकीब शामिल हैं।
💪 शैक्षणिक तैयारी के साथ फिटनेस और अनुशासन पर पूरा फोकस
अखिल पिलानी ने आगे बताया कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान युवाओं को गणित, अंग्रेजी, विज्ञान और तर्कशक्ति जैसे विषयों की गहन तैयारी कराई गई। इसके साथ ही उनकी शारीरिक क्षमता को मजबूत करने के लिए सहनशक्ति, ताकत, संतुलन, लंबी और तेज दौड़, बीम पुल-अप, लंबी कूद तथा जिग-जैग बैलेंस बीम जैसी गतिविधियों का नियमित अभ्यास कराया गया। शैक्षणिक और शारीरिक मजबूती के साथ-साथ अनुशासन पर विशेष ध्यान दिए जाने के कारण ही आज नूंह के युवा सेना की इन कठिन चुनौतियों को पार करने में सफल हो रहे हैं।
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