पाकुड़ (झारखंड): झारखंड के पाकुड़ जिला मुख्यालय स्थित सर्किट हाउस के समक्ष दिशोम गुरु शिबू सोरेन की प्रथम पुण्यतिथि के अवसर पर उनकी प्रतिमा का भव्य अनावरण किया गया।
इस अवसर पर आयोजित गरिमामयी कार्यक्रम में झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के वरिष्ठ विधायक प्रो. स्टीफन मरांडी, हेमलाल मुर्मू, उपायुक्त (DC) मेघा भारद्वाज, पुलिस अधीक्षक (SP) अनुदीप सिंह, झामुमो जिलाध्यक्ष अजीजुल इस्लाम तथा कांग्रेस प्रदेश महासचिव तनवीर आलम सहित राजद व कांग्रेस के प्रमुख नेताओं ने संयुक्त रूप से प्रतिमा का अनावरण किया।
🏛️ “शिबू सोरेन के त्याग और संघर्ष का ही परिणाम है अलग झारखंड राज्य”: विधायक हेमलाल मुर्मू
प्रतिमा अनावरण के उपरांत कृषि उपज बाजार समिति परिसर में सर्वदलीय श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया, जिसमें सत्तारूढ़ गठबंधन दलों के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने शिरकत की।
सभा को संबोधित करते हुए पूर्व सांसद व विधायक हेमलाल मुर्मू ने कहा कि दिशोम गुरु शिबू सोरेन ने महाजनी प्रथा और समाज के शोषित वर्गों के उत्पीड़न के खिलाफ संघर्ष का बिगुल फूंका था। उनके कुशल नेतृत्व में ही अलग झारखंड राज्य आंदोलन की नींव पड़ी। हेमलाल मुर्मू ने कहा कि शिबू सोरेन बेजुबानों की सशक्त आवाज थे और उनके निस्वार्थ त्याग व ऐतिहासिक संघर्ष के बल पर ही आज हमें अलग झारखंड राज्य प्राप्त हुआ है।
🌲 “जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए आजीवन संघर्षरत रहे गुरुजी”: प्रो. स्टीफन मरांडी
श्रद्धांजलि सभा को संबोधित करते हुए झामुमो विधायक प्रो. स्टीफन मरांडी ने दिशोम गुरु के जीवन वृत्त पर प्रकाश डाला।
उन्होंने कहा कि जल, जंगल और जमीन की रक्षा करने, गरीबों को महाजनों के चंगुल से मुक्त कराने और शोषितों को उनका वाजिब हक दिलाने हेतु शिबू सोरेन ने जन-जन को एकजुट किया। यही कारण है कि आज भी राज्यवासी उन्हें अगाध श्रद्धा और सम्मान के साथ याद करते हैं। प्रो. मरांडी ने आगे कहा कि राज्य सरकार आदिवासियों की अस्मिता, पहचान और रोजगार की दिशा में निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने क्षेत्र में आदिवासियों की घटती आबादी पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार इस दिशा में गंभीर कदम उठा रही है।
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