जशपुरनगर: दुलदुला वन परिक्षेत्र के ढोढ़ीआरा गांव के नोनपानी जंगल में 24 सितंबर की सुबह मृत मिले नर हाथी की मौत शिकार के लिए बिछाए गए करंट तार की चपेट में आने से होने की आशंका जांच में सामने आई है। वन विभाग ने 24 सितंबर की सुबह करीब 8.30 बजे ढोढ़ीआरा के समीप जंगल में हाथी के मृत पड़े होने की सूचना के बाद तुरंत कार्रवाई की। घटनास्थल पर मैदानी टीम और वरिष्ठ अधिकारियों ने पहुंचकर ग्रामीणों को हटाया और साक्ष्यों को सुरक्षित किया। गुरुघासीदास राष्ट्रीय उद्यान और पुलिस विभाग के डॉग स्क्वायड की मदद से आसपास के क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान चलाया गया।
🔎 जंगल में मिले करंट वायर के साक्ष्य: 11 लोगों की संलिप्तता
जांच के दौरान जंगल और खेतों की सीमा के पास करीब डेढ़ किलोमीटर क्षेत्र में विद्युत तार बिछाए जाने के निशान मिले। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया कि हाथी के मृत मिलने के बाद घटनास्थल से करंट प्रवाहित तार हटा दिया गया था। वन विभाग को आशंका हुई कि जंगली सूअर या अन्य वन्यजीवों के शिकार के उद्देश्य से अवैध रूप से तार बिछाकर उसमें करंट प्रवाहित किया गया था और इसी की चपेट में आने से हाथी की मौत हुई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी करंट लगने से हाथी की मौत का खुलासा हुआ है। पूछताछ में इस पूरी घटना में करीब 11 लोगों के समूह की संलिप्तता सामने आई है।
🚨 18 घंटे के भीतर कार्रवाई: 6 आरोपी गिरफ्तार, 5 की तलाश जारी
घटना की सूचना मिलने के करीब 18 घंटे के भीतर वन विभाग ने मामले में संलिप्त संदिग्ध आरोपियों की पतासाजी करते हुए गिरफ्तारी और न्यायिक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी। मामले में शामिल 11 लोगों में से छह आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम:
समीर टोप्पो (निवासी धुरीअंबा)
अगसतुस एक्का (निवासी कोहड़ाफारी)
रूपेश एक्का (निवासी धुरीअंबा)
दिनेश राम (निवासी ढोढ़ीआरा)
सलिंद्र राम (निवासी कोहड़ाफारी)
तरसियुस राम (निवासी कोहड़ाफारी)
शेष पांच अन्य संदिग्धों की सरगर्मी से तलाश की जा रही है। 25 सितंबर की शाम गिरफ्तार आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया।
🏠 तीन घरों की तलाशी: फंदा, मोर पंख और तार बरामद
संदिग्ध व्यक्तियों से अलग-अलग पूछताछ के आधार पर वन विभाग की टीम ने ढोढ़ीआरा गांव में तीन मकानों की विधिवत तलाशी ली। तलाशी के दौरान विद्युत करंट लगाने में इस्तेमाल किए जाने वाले तार और अन्य शिकार सामग्री बरामद हुई। एक मकान से मोर के पंख और वन्यजीवों के शिकार में इस्तेमाल किया जाने वाला फंदा भी मिला। इसके अलावा, पोनहारी गांव के रहने वाले सलिंदर और रूपेश की निशानदेही पर जंगल के भीतर करीब एक किलोमीटर दूर नाले के पास छिपाकर रखा गया विद्युत तार भी बरामद किया गया। वन विभाग ने बरामद सामग्री को जब्त कर सीलबंद कर दिया है और सभी साक्ष्यों की वीडियोग्राफी कराई गई है।
🩺 सरगुजा से आए पशु चिकित्सक ने किया पोस्टमार्टम
मृत नर हाथी का निर्धारित प्रक्रिया के तहत पोस्टमार्टम कराया गया। सरगुजा से आए पशु चिकित्सक डॉ. अजीत पांडेय और स्थानीय पशु चिकित्सकों की टीम ने यह पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम के बाद आवश्यक नमूने सुरक्षित किए गए हैं। हाथी की मौत के वास्तविक कारण की अंतिम पुष्टि फोरेंसिक जांच और संबंधित रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद की जाएगी। प्रक्रिया पूरी होने के बाद वन्यजीव संरक्षण और छत्तीसगढ़ शासन के निर्धारित नियमों के अनुसार मृत हाथी का अंतिम संस्कार कर दिया गया।
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