नई दिल्ली। कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन मिलने के कारण ब्रिटेन से उड़ानों के अस्थायी निलंबन पर केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि मैं इस अस्थायी रोक पर एक छोटे विस्तार की उम्मीद करता हूं। मुझे लंबे समय तक या अनिश्चित काल तक उड़ानों पर रोक नहीं दिख रही है। गौरतलब है कि यूनाइटेड किंगडम में कोरोना का नया स्ट्रेन मिलने के कारण पिछले हफ्ते भारत सहित 50 देशों ने वहां उड़ानों पर प्रतिबंध लगा दिया। केंद्र सरकार ने 22 दिसंबर की मध्यरात्रि से लेकर 31 दिसंबर तक ब्रिटेन से आने वाली सभी उड़ानों पर रोक लगा दी है। वहां आने वाले लोगों को कोरेाना टेस्ट किया जा रहा है और उन्हें 14 दिनों के लिए क्वारंटीन किया जा रहा है।
पुरी ने बताया कि मंत्रालय अन्य देशों की भी गतिविधियों पर भी नजर रख रहा है और उसी के अनुसार आगे का फैसले लेगा। उन्होंने कहा कि हमने ब्रिटेन से प्रतिदिन आठ से नौ उड़ानें भरते थे, हमने उस पर अस्थायी तौर रोक लगा दी है। अगले दिन वहां से आने वाले यात्रियों को अनिवार्य क्वारंटीन किया गया था। यहां तक कि नकारात्मक टेस्ट वालों को भी अनिवार्य क्वारंटीन में जाने के लिए जरूरी किया गया। हम एक कदम आगे बढ़ गए और हमने 25 नवंबर से यूके से आने वाले यात्रियों की ट्रेसिंग और जीनोम टेस्ट के लिए संपर्क किया।
उन्होंने कहा कि 31 दिसंबर को क्या होगा, जिस पर हम अपना दिमाग लगा रहे हैं। हम पहले से ही 29 (दिसंबर) को मिल रहे हैं । हमें पूरी पिक्चर मिल रही है। मैं यह भी देखता हूं कि यूके से उड़ानें वर्तमान में अन्य देशों ने भी रोक लगाई हैं। हम इस पर नजर रख रहे हैं और उसी के मुताबिक फैसला लेंगे।
एयर इंडिया विनिवेश पर नागरिक उड्डयन मंत्रालय के सचिव प्रदीप सिंह खारोला ने कहा कि अब तक, कई कंपनियों से ‘एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट’ प्राप्त हुए। अगले चरण में पात्र बोलीदाताओं से ‘प्रस्ताव के लिए अनुरोध’ किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सभी मुख्य शेयरहोल्डर की एयरलाइनों को अलर्ट किया गया है। जब हम वैक्सीन का सही विवरण जानते हैं तो स्वास्थ्य मंत्रालय और फार्मास्यूटिकल्स विभाग के साथ मिलकर सटीक एसओपी (SOPs) को तैयार किया जाएगा। विस्तृत एसओपी निर्धारित किए जाएंगे।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि ब्रिटेन के नए कोरोना के मामलों के आने पर सभी अंतरराष्ट्रीय यात्री जो पिछले 14 दिनों (9 दिसंबर से 22 दिसंबर, 2020 तक) के दौरान भारत आए हैं, यदि लक्षण पॉजिटिव आए हैं तो उनके जीनोम की जांच होगी।
ब्रिटेन से भारत आए 6 लोग कोरोना के नए स्ट्रेन से संक्रमित पाए गए हैं। इन लोगों को राज्य सरकार द्वारा एक सेल्फ आइसोलेशन रूम में रखा गया है। स्वास्थ्य मंत्रालय के दी गई जानकारी मुताबिक, इन 6 लोगों में से तीन में नया स्ट्रेन बेंगलुरु की निमहैंस में, एक पुणे की नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी की लैब में और 2 हैदराबाद की सेंटर फॉर सेल्युलर एंड मॉलिक्यूलर बायोलॉजी में पाया गया।
केंद्र सरकार ने सोमवार को जारी नई गाइड लाइन में कोरोना के नए स्ट्रेन से लोगों को सावधान रहने के लिए कहा। इसके अलावा राज्य सरकारें भी कोरोना के नए स्ट्रेन को लेकर सतर्क हैं। अंतरराष्ट्रीय यात्रियों पर भी लगातार नजर रखी जा रही है। जिनमें कोरोना के लक्षण मिल रहे हैं, उन्हें सीधे कोविड सेंटर भेजा जा रहा है।
ब्रिटेन में हाल में वायरस का नया प्रकार मिलने की बात सामने आई थी। कोरोना का यह नया वैरिएंट 70 फीसद अधिक संक्रामक है। ब्रिटिश प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने कहा था कि पुराने कोरोना के मुकाबले यह नया वैरिएंट तेजी से फैलता जाहिर हो रहा है।
कोरोना का नया स्ट्रेन भारत, फ्रांस, स्पेन, जर्मनी, कनाडा, डेनमार्क, स्विट्जरलैंड, नीदरलैंड, ऑस्ट्रेलिया, इटली, स्वीडन, जापान, लेबनान, सिंगापुर में मिल चुका है।
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