कुवैत में भारतीय दूतावास ने बुधवार को एक्स (X) पर जानकारी दी कि कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में एक भारतीय नागरिक की मृत्यु हो गई है। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इस हमले में कम से कम 63 अन्य लोग घायल हुए हैं। मंत्रालय के प्रवक्ता अब्दुल्ला अल-सनद ने बताया कि 63 घायलों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जिनमें गंभीर चोटें, सेरेब्रल हेमरेज और धमाके से लगी चोटें शामिल हैं। एहतियात के तौर पर एयरपोर्ट पर 25 एम्बुलेंस तैनात की गई थीं। भारतीय दूतावास ने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि वे कुवैती अधिकारियों के साथ मिलकर पीड़ित परिवार और घायलों को हर संभव मदद मुहैया करा रहे हैं। हमले और बुनियादी ढांचे को पहुंची क्षति के बाद, कुवैत ने बुधवार को अपनी हवाई सेवाएं अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दी हैं। ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने कुवैत पर हुए इस हमले की जिम्मेदारी लेते हुए कहा कि यह कार्रवाई एक ईरानी तेल टैंकर और एक द्वीप पर अमेरिका की ओर से किए गए हमलों का बदला है। ईरान का दावा है कि उसने अमेरिका और उसके सहयोगियों को सबक सिखाने के लिए यह कदम उठाया है ताकि भविष्य में ऐसी कार्रवाई न हो। गार्ड्स ने अपने टेलीग्राम चैनल पर जारी बयान में कहा कि कुवैत में स्थित अली अल सलेम एयर बेस और बहरीन में स्थित अमेरिकी फिफ्थ फ्लीट के मुख्यालय को मिसाइलों और ड्रोनों से निशाना बनाया गया है। ईरान के इस हमले की खाड़ी देशों ने कड़ी निंदा की है। UAE के राष्ट्रपति के सलाहकार अनवर गर्गश ने कहा कि ईरान की यह आक्रामकता सिर्फ एक देश को नहीं, बल्कि पूरी खाड़ी को निशाना बना रही है, जिसके खिलाफ एकजुट होना जरूरी है। कुवैत के विदेश मंत्रालय ने भी इस आक्रामकता की कड़ी निंदा की है। भारत ने भी इस हमले पर दुख जताया है और पीड़ित परिवार के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की है। संपादकीय टिप्पणी: अंतरराष्ट्रीय संघर्षों का असर अक्सर आम नागरिकों पर पड़ता है। कुवैत एयरपोर्ट पर हुई यह घटना सुरक्षा और कूटनीति के गंभीर पहलुओं को उजागर करती है। क्या आपको लगता है कि इस तनाव को कम करने के लिए तत्काल शांति वार्ता की आवश्यकता है? अपने विचार नीचे साझा करें।
🚀 ईरान का दावा: अमेरिका से बदला लेने के लिए किया मिसाइल हमला
🌐 अंतरराष्ट्रीय निंदा और भारत की संवेदना
यह खबर आपको कैसी लगी?
कुवैत में भारतीय दूतावास ने बुधवार को एक्स (X) पर जानकारी दी कि कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में एक भारतीय नागरिक की मृत्यु हो गई है। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इस हमले में कम से कम 63 अन्य लोग घायल हुए हैं। मंत्रालय के प्रवक्ता अब्दुल्ला अल-सनद ने बताया कि 63 घायलों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जिनमें गंभीर चोटें, सेरेब्रल हेमरेज और धमाके से लगी चोटें शामिल हैं। एहतियात के तौर पर एयरपोर्ट पर 25 एम्बुलेंस तैनात की गई थीं। भारतीय दूतावास ने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि वे कुवैती अधिकारियों के साथ मिलकर पीड़ित परिवार और घायलों को हर संभव मदद मुहैया करा रहे हैं। हमले और बुनियादी ढांचे को पहुंची क्षति के बाद, कुवैत ने बुधवार को अपनी हवाई सेवाएं अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दी हैं।
🚀 ईरान का दावा: अमेरिका से बदला लेने के लिए किया मिसाइल हमला
ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने कुवैत पर हुए इस हमले की जिम्मेदारी लेते हुए कहा कि यह कार्रवाई एक ईरानी तेल टैंकर और एक द्वीप पर अमेरिका की ओर से किए गए हमलों का बदला है। ईरान का दावा है कि उसने अमेरिका और उसके सहयोगियों को सबक सिखाने के लिए यह कदम उठाया है ताकि भविष्य में ऐसी कार्रवाई न हो। गार्ड्स ने अपने टेलीग्राम चैनल पर जारी बयान में कहा कि कुवैत में स्थित अली अल सलेम एयर बेस और बहरीन में स्थित अमेरिकी फिफ्थ फ्लीट के मुख्यालय को मिसाइलों और ड्रोनों से निशाना बनाया गया है।
🌐 अंतरराष्ट्रीय निंदा और भारत की संवेदना
ईरान के इस हमले की खाड़ी देशों ने कड़ी निंदा की है। UAE के राष्ट्रपति के सलाहकार अनवर गर्गश ने कहा कि ईरान की यह आक्रामकता सिर्फ एक देश को नहीं, बल्कि पूरी खाड़ी को निशाना बना रही है, जिसके खिलाफ एकजुट होना जरूरी है। कुवैत के विदेश मंत्रालय ने भी इस आक्रामकता की कड़ी निंदा की है। भारत ने भी इस हमले पर दुख जताया है और पीड़ित परिवार के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की है।
संपादकीय टिप्पणी: अंतरराष्ट्रीय संघर्षों का असर अक्सर आम नागरिकों पर पड़ता है। कुवैत एयरपोर्ट पर हुई यह घटना सुरक्षा और कूटनीति के गंभीर पहलुओं को उजागर करती है। क्या आपको लगता है कि इस तनाव को कम करने के लिए तत्काल शांति वार्ता की आवश्यकता है? अपने विचार नीचे साझा करें।


विदेश




























