हेल्थ डेस्क: बढ़ती उम्र के साथ कई लोग शिकायत करते हैं कि सुबह सोकर उठते ही उनके हाथ-पैर और जोड़ों में भारी अकड़न (Morning Stiffness) महसूस होती है। कई बार सामान्य चलने-फिरने में भी 15 से 30 मिनट का समय लग जाता है। चिकित्सा विज्ञान में इसे शरीर के भीतर पनप रही सूजन या जोड़ों की किसी बीमारी का शुरुआती संकेत माना जाता है।
🧬 सुबह अकड़न होने के मुख्य वैज्ञानिक कारण
बीएलके मैक्स सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल के सीनियर डायरेक्टर डॉ. ईश्वर बोहरा के अनुसार, इसके पीछे कई प्रमुख कारण हो सकते हैं:
साइनोवियल फ्लूइड का प्रभाव: रात भर स्थिर रहने से जोड़ों का लुब्रिकेंट (साइनोवियल फ्लूइड) कार्टिलेज द्वारा सोख लिया जाता है, जिससे सुबह अकड़न महसूस होती है।
ऑस्टियोआर्थराइटिस: जोड़ों की कार्टिलेज घिस जाने से होती है। इसमें अकड़न आमतौर पर 30 मिनट से कम रहती है।
रुमेटाइड आर्थराइटिस: यह एक ऑटोइम्यून बीमारी है। यदि अकड़न 1 घंटे से अधिक बनी रहती है, तो यह रुमेटाइड आर्थराइटिस का स्पष्ट संकेत हो सकता है।
अन्य कारक: गलत पोस्चर, विटामिन डी3 और कैल्शियम की भारी कमी भी जोड़ों और मांसपेशियों को सख्त बना देती है।
यदि आपको लगातार यह समस्या परेशान कर रही है, तो सबसे पहले किसी विशेषज्ञ से मिलकर ब्लड टेस्ट (जैसे RA Factor, CRP) और एक्स-रे करवाएं। तत्काल राहत के लिए आप ये तरीके अपना सकते हैं:🩹 राहत पाने के लिए अपनाएं ये उपाय
गर्म सिकाई: सुबह उठते ही प्रभावित जोड़ों की हल्की गर्म सिकाई करें।
स्ट्रेचिंग: बिस्तर पर ही हल्के स्ट्रेचिंग एक्सरसाइज करें ताकि जोड़ों में रक्त संचार बढ़े।
संतुलित आहार: अपनी डाइट में ओमेगा-3 फैटी एसिड और हल्दी-अदरक जैसे एंटी-इन्फ्लेमेटरी खाद्य पदार्थों को शामिल करें।
यह खबर आपको कैसी लगी?


लाइफ स्टाइल




























